#G3

कौन कहता है ख़ामोशी बदग़ुमां है,
ज़रा ग़ौर से सुनिये इसकी अपनी ज़ुबां है,  Read more

खुदाया क्या खूब हुनर पाया है उन्होंने ख़ामोशी का,
ग़ुमनाम, वो लब भी नहीं हिलाते और दास्ताँ हो जाती है… ग़ुमनाम

मेरी खिड़की पर जा बैठा
अजनबी सा ये सूनापन
घेर लेता है अक्सर ही Read more

दीवानों से उस बेगाने का ,रिश्ता लगता है,
मुझे चेहरे से वो पागल, फरिश्ता लगता है,

वो भी पहले हँसता था,कहते है सब लोग,  Read more