चले गये वो तो होश आया मुझे/
कई अनकहे शिकवे रखे रह गये//
आभा….

Log Ishq Mein Kesay Lab Say Lab Mila Letay Hein..
Hamari Tou Un Say Nazrein Bhi Mil Jati, Tou Hosh Nahi Rehtay Thay..

Atul Azamgarhi

इतनी पी जाये की मिट जाये मैं और तू की तमीज,
यानी की ये होश की दीवार अब गिरा दी जाये…