किस दर जाऊ ?
मुझे पता ही नही

किससे मांगू ?  Read more

रूह में ………….जो आइना होता है
रोशनी …………सच की दिखा देता है
—सुरेश सांगवान’सरु’

पूरे का पूरा आकाश घुमा कर बाज़ी देखी मैने,
पूरे का पूरा आकाश घुमा कर बाज़ी देखी मैने

काले घर में सूरज चलके, तुमने शायद सोचा था Read more

यादों की कैद से आज़ाद हो भी जाओ अगर
वो रूह कहाँ से लाओगे जो उनकी इबादत न करे..
आभा..